डीडीए लेकर आया है फिर से एक सुनहरा मौका,दिल्ली में बनाए मात्र 17 लाख में अपना घर, ऐसे करे आवेदन

डीडीए लेकर आया है फिर से एक सुनहरा मौका,दिल्ली में बनाए मात्र 17 लाख में अपना घर, ऐसे करे आवेदन

डीडीए लेकर आया है फिर से एक सुनहरा मौका,दिल्ली में बनाए मात्र 17 लाख में अपना घर, ऐसे करे आवेदन
डीडीए लेकर आया है फिर से एक सुनहरा मौका,दिल्ली में बनाए मात्र 17 लाख में अपना घर, ऐसे करे आवेदन

दिल्ली में समय समय पर डीडीए फ्लैटों की खरीद बिक्री करता ही रहता है। अब हाल ही में एक बार फिर से दिल्ली में 17 फ्लैटों पर खरीद बिक्री शुरू कर दी गई है।

बीते शनिवार को दिल्ली विकास प्राधिकरण द्वारा लैंड पूलिंग पोर्टल को तीन महीने के बाद एक बार फिर से खोल दिया गया है। वहीं किसान भी अब 28 अगस्त तक अधिग्रहण के लिए अपनी जमीन को डीडीए का पास भी पंजीकृत करा सकते हैं।

हालांकि पहले फरवरी में पोर्टल को बंद कर दिया गया था लेकिन इस पोर्टल को एक बार फिर से खोल दिया गया है। हालांकि नीति में कुछ बदलाव भी देखने को मिल रहे हैं।

केंद्रीय आवास एवं शहरी ग्रामीण क्षेत्र मंत्रालय ने 2018 में लैंड पूलिंग नीति को लेकर अधिसूचना को भी जारी कर दिया गया था। अब 17 लाख फ्लैटों को लोगों को हैंड ओवर किया जाने वाला है।

दिल्ली विकास प्राधिकरण द्वारा लैंड पूलिंग पोर्टल को तीन महीने के लिए एक बार फिर से खोला गया है।

शुरुआत में गाँव की जमीन को शहरी ग्रामीण क्षेत्र का हिस्सा न होने के कारण इसे दायरे में नहीं रखा गया था लेकिन अब इसे 109 सेक्टरों में बाँट दिया गया है। इस योजना को 6 ज़ोन में भी बांटा गया है।

योजना के अनुसार अब दिल्ली में 17 लाख आवास भी बनाए जाने वाले हैं।इन ज़ोन को ज़ोन जे, के 1, एल, एन, पी-1 और पी-2 का नाम दिया गया है।

इन जोन में 104 गांवों को भी शामिल किया गया है। पूरे क्षेत्र को 129 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। लैंड पूलिंग क्षेत्र में सेक्टरों के लिए भूस्वामियों नक्शे के विवरण को डीडीए की वेबसाइट पर भी देखा जा सकता है।

अब तक इतनी भूमि हो चुकी है पंजीकृत।

इससे पहले 10 दिसंबर 2021 को iस पॉलिसी के तहत पंजीकरण के लिए पोर्टल को शुरू किया गया था जिसे 28 फरवरी 2022 को ही खत्म हुआ था।

10 दिसंबर तक डीडीए को 7275.45 हेक्टेयर जमीन मिली जिसमें 344.05 का इजाफा भी हुआ। अब डीडीए के पास 7619.95 हेक्टेयार जमीन पंजीकृत हो चुकी है। पिछली बार इसके लिए 290 आवेदन आए थे। जिसमें ज़ोन जे और पी 1 के लिए भी आवेदन दिए गए हैं और जमीन को भी पंजीकृत कराया गया है।

ब्यूरो चीफ : साहिल कपूर दिल्ली एनसीआर