दिल्ली से गिरफ्तार हुआ 14 साल बाद चार हत्याओं का आरोपी

दिल्ली से गिरफ्तार हुआ 14 साल बाद चार हत्याओं का आरोपी

दिल्ली से गिरफ्तार हुआ 14 साल बाद चार हत्याओं का आरोपी
दिल्ली से गिरफ्तार हुआ 14 साल बाद चार हत्याओं का आरोपी

पुलिस ने घोषित किया था 25 हजार रुपए का इनाम दो पत्नियों व दो बच्चों की हत्या कर फरार हो गया था

रुद्रपुर : कहते हैं कानून के हाथ लंबे होते हैं।यही साबित कर उत्तराखंड की ऊधम सिंह नगर पुलिस ने हत्या के आरोप में पिछले 14 साल से वछित चल रहे एक आरोपी को एस ओ जी ने गिरफ्तार कर लिया है।

आरोपी हत्याकांड को अंजाम देकर दिल्ली में छिपकर रह रहा था। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को कई हैरान करने वाले तथ्य मिले हैं।

बृहस्पतिवार को पुलिस कार्यालय में इस पूरे मामले का खुलासा करते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ मंजूनाथ टीसी ने बताया कि 18 म ई 2008 को ग्राम नगारिया कालौनी अमरिया पीलीभीत हाल निवासी थाना ट्रांजिट कैंप के रहने वाले उत्तम मंडल द्वारा अपनी पत्नी वीतिका की गला दबाकर बेहद निर्मम तरीके से हत्या कर दी थी और शव को नजदीक में अरुण डे के बैंगन के खेत में छुपा दिया था।

इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम देने के बाद आरोपी पिछले 14 सालों से फरार चल रहा था। हत्यारोपी की गिरफ्तारी के लिए एस ओ जी प्रभारी कमलेश भट्ट को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। पिछले कई दिनों से हत्याकांड की पत्रवाली पर गहनता से विचार के बाद एस ओ जी को मुखबिरों ने सूचना दी कि हत्याकांड का आरोपी दिल्ली में दिखाईं दिया है।

इस सूचना पर एस ओ जी की टीम ने आठ जून को दिल्ली की एक कालौनी में किराए के मकान में रह रहे हत्यारोपी उत्तम मंडल को गिरफ्तार कर लिया और उसके मोबाइल व आधार कार्ड से उसकी पहचान की। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया। जहां से उसे जेल भेज दिया।

इस दौरान पुलिस टीम में एस ओ जी प्रभारी कमलेश भट्ट,एस आई ललित बिष्ट, सिपाही राजेंद्र कश्यप, विरेन्द्र रावत,खीम सिंह, बलवंत मनराल, कैलाश रतूड़ी व महिला सिपाही तनुजा रावत शामिल थे।एस ओ जी ने हत्यारोपी से जब गहनता से पूछताछ की तो एस ओ जी की टीम चकित रह गयी। हत्यारोपी उत्तम मंडल ने बताया कि वीतिका उसकी दूसरी पत्नी थी।

पहली पत्नी विन्ध्या मंडल और दो बेटे मनोज मंडल व मदन मंडल निवासी रतनफार्म नंबर एक शाक्तिफार्म सितारगंज की साल 2002 में उसने विवाद के चलते हत्या कर दी थी।

जिसके बाद वह थाना ट्रांजिट कैंप में आ गया और वहां रहने लगा। दूसरी शादी रचाने के दो साल बाद ही वीतिका की भी गला दबाकर हत्या कर दी। पहली पत्नी की हत्या उसने उत्तर प्रदेश में की थी।

जिसके लिए पुलिस अपनी एक रिपोर्ट उत्तर प्रदेश पुलिस को भी भेज रही है।एस ओ जी पुलिस टीम ने इनाम घोषित होने के चंद घंटों में ही हत्याकांड के आरोपी को दबोच लिया।

चार हत्याओं के मामले में 14 साल से फरार चल रहे आरोपी पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ मंजूनाथ टीसी ने बुधवार देर शाम 25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था।इनाम घोषित होने के चंद घंटों बाद ही पुलिस ने हत्यारोपी को गिरफ्तार कर लिया।

जो चर्चा का विषय बना रहा कि आखिर पुलिस इनाम घोषित होने का इंतजार कर रही थी।जो हत्यारोपी पिछले 14 सालों से फरार चल रहा था, इनाम घोषित होने के चंद घंटों में ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। बातें यह भी की जा रही है कि आरोपी को पहले गिरफ्तार कर लिया गया और इनाम बाद में घोषित किया गया।

ब्यूरो चीफ एम सलीम खान की रिपोर्ट